देहरा-तिजारा (राजस्थान)

नाम : देहरा-तिजारा
पता : श्री 1008 चंद्रप्रभु दिगम्बर जैन अतिशय, देहरा-तिजारा ग्राम – देहरा, तहसील – तिजारा, जिला – अलवर (राजस्थान) पिन – 301 411
टेलीफोन : 01469-262119, 262407
क्षेत्र पर उपलब्ध सुविधाएं :
|
आवास |
कमरे (अटैच बाथरूम) – 114 |
कमरे (बिना बाथरूम) – 200 |
|
|
|
हाल – 6 (यात्री क्षमता – 350), |
गेस्टहाउस – नहीं |
|
|
|
यात्री ठहराने कि कुल क्षमता – 2000 |
||
|
भोजनालय |
सशुल्क, नियमित |
पुस्तकालय |
है |
|
औषधॉलय |
है (आयुर्वेदिक) |
एस.टी.डी. / पी.सी.ओ. |
नहीं |
|
विद्यालय |
1. सीनियर हायर सेकेंडरी स्कूल 2. कन्या महाविद्यालय |
||
आवगमन के साधन :
|
रेलवे स्टेशन |
अलवर – 55 कि.मी. |
|
बस स्टैंड |
तिजारा – सड़क पक्की है | |
|
पहुँचने का सरलतम मार्ग |
अलवर – भिवाड़ी – दिल्ली बस मार्ग पर हैं |
तिजारा से अलवर, श्री महावीरजी, भरतपुर, मथुरा, रेवाड़ी, दिल्ली आदि |
निकटतम प्रमुख नगर :
|
अलवर – 55 कि.मी. (अलवर नगर के ऊपर पूर्व में
55 कि.मी. तिजारा है) |
प्रबन्ध व्यवस्था :
|
संस्था |
दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र तिजारा
प्रबंधकारिणी कमेटी |
|
अध्यक्ष |
श्री ज्ञानचन्द जैन (01469-262150, 0914427720) |
|
महामंत्री |
श्री नरेन्द्रकुमार जैन (01469-262240) |
|
प्रबंधक |
श्री गोपाल अरोड़ा (01469-262310) श्री पंकज जैन (01469-262310) |
क्षेत्र का महत्व :
|
क्षेत्र पर मंदिरों की संख्या |
03 |
|
क्षेत्र पर पहाड़ |
नहीं |
|
ऐतिहासिकता |
भगवान चंद्रप्रभु की
पद्मासन प्रतिमा का दिनांक 16 अगस्त, 1956 में सड़क खुदाई के चौड़ीकरण के समय तलघर
से प्रादुर्भाव हुआ | प्रतिमा चन्द्रमा के चिन्ह से चिन्हित है | प्रतिमा कि
चौड़ाई 12 इंच व ऊँचाई 15 इंच है | प्रतिमा वि.सं. 1554 में प्रतिष्ठित की गई है |
‘देहरा’ नाम प्राचीन काल से है | इसका इतिहास में महाभारत से सम्बन्ध है | अनवरत
आक्रमण होने से प्रतिमाएं भूमिगत होती गयी | मंदिर श्वेत संगमरमर से शोभायमान है
हाँल में की गई काँच की पच्चीकारी, चित्रकारी दर्शनीय है | नगर में अन्य जिनालय
भी दर्शनीय है | |
|
तिथि एवं उत्सव |
मिति फाल्गुन सुदी सप्तमी (निर्वाण दिवस) एवं
सावन सुदी दशमी | |
समीपवर्ती तीर्थक्षेत्र :
|
श्रीमहावीरजी – 200 कि.मी., कासन – 60 कि.मी.,
बाड़ागांव – 125 कि.मी., हस्तिनापुर – 220 कि.मी., पदमपुर – 234 कि.मी., शिकोहपुर
(सिद्धांत क्षेत्र) – 65 कि.मी. | |
