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Audichya Brahman Samaj

गिरनारजी (गुजरात)

क्षेत्र पर उपलब्ध सुविधाएं :

आवास

कमरे (अटैच बाथरूम) - 30

कमरे (बिना बाथरूम) – 20

 

हाल – 2 (कूलर वाले वी.आई.पी.कमरे - 7)

गेस्टहाउस – नहीं

 

यात्री ठहराने कि कुल क्षमता – 500

भोजनालय

नियमित,सशुल्क

औषधॉलय

नहीं

पुस्तकालय

नहीं

विद्यालय

है

एस.टी.डी. / पी.सी.ओ.

है

आवगमन के साधन :

रेलवे स्टेशन

जूनागढ़7 कि.मी.

बस स्टैंड

जूनागढ़7 कि.मी.

पहुँचने का सरलतम मार्ग

बस द्वारा

निकटतम प्रमुख नगर :

जूनागढ़ – 7 कि.मी., वेरावल सोमनाथ – 100 कि.मी., पालीताणा – 230 कि.मी., राजकोट – 100 कि.मी., अहमदाबाद – 300 कि.मी.

प्रबन्ध व्यवस्था :

संस्था

श्री बंडीलालजी दिगम्बर जैन कारखाना, गिरनारजी

अध्यक्ष

श्री राजा रमलेश, मुम्बई (09769708243)

मंत्री

श्री सुरेन्द्रकुमार पाड़लिया, प्रतापगढ़ (01478-222053)

प्रबंधक

श्री सुनील कुमार जैन, जूनागढ़ (0285-2621519, 09427733364)

क्षेत्र का महत्व :

क्षेत्र पर मंदिरों की संख्या

05 ( 1 जूनागढ़ में, 3 तलहटी में एवं 1 पहाड़ पर हैं )

क्षेत्र पर पहाड़

है - 05 (कुल 9999 सीढ़ियाँ है एवं डोली की व्यवस्था है)

ऐतिहासिकता

गिरनार पहाड़ पर भगवान नेमिनाथ के दीक्षा, केवलज्ञान एवं मोक्ष कल्याणक हुए है | यहाँ पर श्री धरसेनाचार्य ने अपने शिष्यों मुनि पुष्पदंत एवं भूतबलि को पढ़ाया, जिन्होंने षट्खंडागम ग्रन्थ की रचना की | तलहटी के दि. जैन मंदिर में आचार्यश्री निर्मलसागरजी महाराज विराजते हैं | निर्मल ध्यान केंद्र पर भी सुन्दर आवास व्यवस्था है | (फ़ोन: 0285-2650611)

 

नेमिनाथ गिरनारी वन्दू, यादव कुल के भानूं |

कोडि बहत्तर मुनिश्वर बन्दू, सात सौ फणविर बन्दूजी ||

विशेष जानकारी

जूनागढ़ में जगमाला चौक दि. जैन मंदिर एवं धर्मशाला, उपरकोट किला, राजुलमहल, दरबार हाल कचहरी, नरसिंह भक्त मंदिर दर्शनीय हैं | लगभग दूरी 07 कि.मी.

समीपवर्ती तीर्थक्षेत्र :

सोनगढ़ – 200 कि.मी., पालीताणा – 230 कि.मी., सोमनाथ मंदिर - 100 कि.मी.